दिसंबर के महीने में करें इन गेहूं किस्मों की बिजाई मिलेगी अधिक पैदावार(2024):late wheat varieties

By Kheti jankari

Updated on:

दिसंबर के महीने में करें इन गेहूं किस्मों की बिजाई मिलेगी अधिक पैदावार

देरी से गेहूं बजाई करने वाले किसान दिसंबर के महीने में करें इन गेहूं किस्मों की बिजाई मिलेगी अधिक पैदावार। इस लेख में बताई गयी गेहूं किस्में देरी से बजाई में सबसे अधिक पैदावार निकल के देती है।

गेहूं में पानी कब लगाएं:कितनी बार लगाएं

गेहूं की बिजाई का सही समय वैसे तो 5 नवंबर से लेकर 25 नवंबर तक का होता है। लेकिन कुछ किसान भाई गन्ना कटाई के बाद भी गेहूं की बिजाई करते हैं। गन्ने की कटाई आमतौर पर दिसंबर से लेकर मार्च अप्रैल तक होती है। किसान दिसंबर में कटाई किए जाने वाले गन्ने के खेत में गेहूं की बिजाई करते हैं। इस समय गेहूं की बिजाई के लिए आपको कुछ विशेष किस्म का चयन करना पड़ता है। जो अधिक गर्मी सहने की क्षमता रखती है, और पकने में कम समय लेती हों। ताकि मार्च अप्रैल में पढ़ने वाली गर्मी से गेहूं को बचाया जा सके और अधिक पैदावार ली जा सके। इसलिए वैज्ञानिकों द्वारा दिसंबर में बिजाई की जाने के लिए कुछ विशेष किस्मों का आविष्कार किया गया है। इन किस्मों के बारे में संपूर्ण जानकारी नीचे बताई गयी है।

गेहूं की देरी से बिजाई की जाने वाली टॉप किस्में

गेहूं की देरी से बिजाई की जाने वाली वैसे तो बहुत सारी किस्में है। लेकिन मैं आपको कुछ टॉप किस्मों के बारे में बताऊंगा। जो देरी से बजाई में सबसे अच्छी पैदावार निकाल कर देती हैं। ये किस्में है-

  • एचडी-3271
  • एचडी-3298
  • एचडी-2851
  • श्रीराम-231
  • SW-26
  • श्रीराम-252

गेहूं में चौड़ी पत्ती वाले खरपतवारों को खत्म करने का सस्ता और आसान तरीका

एचडी-3271 गेहूं किस्म की विशेषताएं

एचडी-3271 भारतीय कृषि अनुसंधान (पूसा) दिल्ली द्वारा तैयार की गई किस्म है। यह किस्म डॉक्टर पी के सिंह द्वारा तैयार की गई थी। इसकी बजाई आप 10 दिसंबर से लेकर 5 जनवरी तक कर सकते हैं। इस किस्म की औसत पैदावार 17 से 18 कुंतल प्रति एकड़ तक आसानी से निकल जाती है। इस किस्म में गर्मी को सहन करने की क्षमता अधिक है। इस किस्म की लम्बाई 95 से लेकर 105 सेंटीमीटर तक होती है। यह किस्म पीला रतुआ रोग के प्रति सहनशील है। इस किस्म में प्रोटीन की मात्रा 12% तक होती है।

एचडी-3298 गेहूं किस्म की विशेषताएं

एचडी-3298 गेहूं किस्म पूसा यूनिवर्सिटी दिल्ली द्वारा तैयार की गई किस्म है। यह किस्म वर्ष 2020 में तैयार की गई थी। इस किस्म की बिजाई आप 1 दिसंबर से लेकर 10 जनवरी तक कर सकते हैं। इस किस्म में कल्लों का फुटाव अधिक होता है। इसमें प्रोटीन की मात्रा 12% तक रहती है, और लोहा की मात्रा 43.1 पीपीएम तक रहती है। इसलिए खाने में यह सबसे उपयुक्त गेहूं किस्म मानी जाती है। यह गेहूं किस्म पकने में 120 दिन से 130 दिन का समय लेती है। औसत पैदावार की बात करें तो यह कि हम लगभग 17 से 20 कुंतल प्रति एकड़ तक की पैदावार आसानी से दे देती है।

अगर आपको मेरे द्वारा दी गई जानकारी अच्छी लगी हो। तो कृपया कमेंट के माध्यम से जरूर बताएं। ताकि मैं आपके लिए आगे ऐसी अच्छी-अच्छी जानकारी दे सकूं। धन्यवाद!

ये भी पढ़ें – गेहूं में प्रयोग होने वाली एक्सियल खरपतवार नासी की चार खास बातें शायद किसानों को नहीं पता होंगी

एचडी-2851 गेहूं किस्म के बारे में सम्पर्ण जानकारी के लिए क्लिक करें।

श्रीराम-231 गेहूं किस्म के बारे में सम्पर्ण जानकारी के लिए क्लिक करें।

SW-26 गेहूं किस्म के बारे में सम्पर्ण जानकारी के लिए क्लिक करें।

गेहूं में जिंक और सल्फर का प्रयोग एक साथ नहीं किया:तो सब कुछ फेल, जानें क्या कहते है कृषि जानकर

Kheti jankari

खेती जानकारी एक ऐसी वेबसाइट है। जिसमें आपको कृषि से जुड़ी जानकारी दी जाती है। यहां आप कृषि, पशुपालन और कृषि यंत्रों से जुड़ी जानकारी प्राप्त कर सकते है।

1 thought on “दिसंबर के महीने में करें इन गेहूं किस्मों की बिजाई मिलेगी अधिक पैदावार(2024):late wheat varieties”

Leave a Comment