सरसों में माहू कीट(तेला चेपा) का नियंत्रण कैसे करें:फलियां बनने के समय हल्के में ना लें:Identification of hopper disease in mustard

By Kheti jankari

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सरसों में माहू कीट(तेला चेपा) का नियंत्रण कैसे करें

सरसों में माहू कीट(तेला चेपा) का नियंत्रण कैसे करें। सरसों में माहू कीट(तेला चेपा) की पहचान। सरसों में माहू कीट(तेला चेपा) के लिए कब स्प्रे करें। सरसों में माहू कीट(तेला चेपा) की रोकथाम के लिए उपाय। सरसों की फसल। सरसों में कीट। Identification of hopper disease in mustard.

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किसान साथियों नमस्कार, सरसों की फसल में इस समय फलियां लगभग बनने लगी हैं, या कुछ किसानों की फसलों में अभी फूल भी आ रहा है। इस समय रात का मौसम ठंडा और दिन में मौसम थोड़ा गर्म होता है। जिससे तेला चेपा या माहू कीट का प्रकोप सरसों की फसल में देखा जा रहा है। लगभग हर वर्ष और हर क्षेत्र में किसानों के खेत में यह रोग देखा जाता है। गेहूं की फसल में भी यह कीट अधिक मात्रा में देखने को मिल जाता है। आज हम तेला चेपा या माहू कीट को किस प्रकार से नियंत्रण करना है, और इसके नियंत्रण में क्या-क्या सावधानियां बरतनी चाहिए। इस बारे में संपूर्ण बात करेंगे।

सरसों में माहू कीट(तेला चेपा) की पहचान

माहू कीट(तेला चेपा) की पहचान आप आसानी से कर सकते हैं। इस रोग में सरसों की ऊपरी डंडी पर छोटे-छोटे कीट दिखाई देते हैं। जो जो झुंड में रहते हैं, और पौधे का रस चूस कर हमारी फसल को नुकसान पहुंचाते हैं। यह हलके हरे रंग के होते है। जिससे उपज में नुकसान होता है। और किसानों को आर्थिक हानि उठानी पड़ती है।

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सरसों में माहू कीट(तेला चेपा) के लिए कब स्प्रे करें

किसान साथियों हमें फसल पर खर्च को कम करके आमदनी को बढ़ाना चाहिए। अगर आप बिना सोचे समझे की कोई भी स्प्रे कर देंगे। तो इससे आपको आर्थिक नुकसान उठाना पड़ेगा। सरसों की फसल में माहू कीट का स्प्रे करने से पहले आपको यह देखना है, कि आपकी जिस पौधे में माहू कीट दिखे उसके आसपास के 100 से 150 पौधों में माहू कीट है, या नहीं। अगर है, तो कितनी मात्रा में है। अगर उसके 100 से 150 पौधों में 5 से 10 पौधे में माहू कीट दिखे और वह भी ज्यादा संख्या में दिखे। तब ही हमें स्प्रे करना चाहिए। अन्यथा हमें स्प्रे करने की आवश्यकता नहीं है। क्योंकि सरसों की फसल में मित्र कीट भी होते हैं। जो स्प्रे से मर सकते है।

सरसों में माहू कीट(तेला चेपा) की रोकथाम के लिए उपाय

सरसों में माहू कीट(तेला चेपा) की रोकथाम के लिए हमें सिस्टमैटिक कीटनाशकों का प्रयोग करना चाहिए। क्योंकि यह कीट कांटेक्ट कीटनाशक से कंट्रोल नहीं होते। इस रोग को नियंत्रित करने के लिए आपको नीचे दिए गए कुछ कीटनाशकों का इस्तेमाल कर सकते हैं।

  1. इमिडाक्लोप्रिड 17.8% एस.एल 100ml मात्रा प्रति एकड़ प्रयोग कर सकते है।
  2. एसिटामिप्रिड 20% एसपी की 100g मात्रा प्रति एकड़ प्रयोग कर सकते हैं।
  3. फिप्रोनिल 5% एससी की भी 250g मात्रा प्रति लीटर प्रति एकड़ प्रयोग कर सकते हैं।
  4. थियामेथोक्सम 25% डब्ल्यूजी की 100g से 150g मात्रा प्रति एकड़ प्रयोग करें।

नोट-किसान भाइयों अगर आप चाहते हो, कि आप कीटनाशक के साथ किसी फंगीसाइड का भी स्प्रे करें। तो कर सकते हैं, इसके लिए आप हारु (टेबुकोनाज़ोल 10% + सल्फर 65% डब्लू.जी) 500g प्रति एकड़ प्रयोग करें। इसके सरसों में सबसे अच्छे रिजल्ट देखने को मिलते।

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FAQ

सरसों का प्रमुख कीट कौन सा है?
सरसों सर्द ऋतू की फसल है। इसमें माहु तेला-चेपा मुख्या कीट रोग है।

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